स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण के फायदे उपयोग बनाने की विधि एवं नुक्सान Swadishta Virechan Churna ke fayde or nuksan

By | August 12, 2020

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण क्या है? Swadishta Virechan Churna kya hai?

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण आयुर्वेद की एक अनुपम भेंट है । यह चूर्ण पाचन संस्थान की सभी समस्याओं को दूर करता है एवं शरीर को स्वस्थ एवं निरोग बनाने में मदद करता है । स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण का सेवन करने से कब्ज, पेट गैस, बवासीर, अरुचि, अपच, अजीर्ण, मंदाग्नी जैसी समस्याएं दूर होती हैं ।

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण में शुद्ध गंधक मौजूद होता है जिस कारण यह दवा रक्तशोधक का काम भी करती है । इस चूर्ण का सेवन करने से रक्त विकार एवं त्वचा विकार जैसे खाज खुजली, फोड़े फुंसी इत्यादि में भी लाभ मिलता है ।

इस चूर्ण का सेवन करने से अपच के कारण बनने वाला आमविश भी नष्ट हो जाता है । जिस कारण आमदोष एवं अन्य कई समस्याएं दूर हो जाती हैं । इस प्रकार यह औषधि जहां एक और पाचन संस्थान को दुरुस्त करती है वहीं दूसरी ओर रक्त विकार एवं त्वचा विकार को भी दूर करने में लाभदायक सिद्ध होती है ।

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण जठराग्नि को प्रदीप करता है, क्योंकि इस चूर्ण में मुलेठी, सौंफ, सनाय पत्ती जैसी जड़ी बूटियां मौजूद होती है । स्नाए पत्ती एक विरेचक जड़ीबुटी होती है जो कोष्ठ को साफ करने में मददगार होती है । जिन लोगों को दूषित खान पान के कारण पेट एवं त्वचा से संबंधित समस्याएं हो जाती हैं उन्हें स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण का प्रयोग मुख्य औषधियों के साथ कराया जाता है ।

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण के घटक द्रव्य Swadishta Virechan Churna ke ghatak dravy in hindi

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण में निम्नलिखित घटक द्रव्य होते हैं ।

  • शुद्ध गंधक 1  भाग
  • मुलेठी 1 भाग
  • सौंफ 1 भाग
  • सनायपत्ती 3 भाग
  • मिश्री 5 भाग

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण को बनाने की विधि Swadishta Virechan Churna kaise banaye

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण को बनाना ज्यादा कठिन नहीं है । इस चूर्ण को बनाते समय केवल एक विशेष बात का ध्यान रखना आवश्यक है, वह यह है की इस औषधि में शुद्ध गंधक का ही प्रयोग होना चाहिए । यदि गंधक में थोड़ी से भी विषैले पदार्थ मौजूद हैं तो यह दवा नुकसान भी कर सकती है । इसलिए शुद्ध गंधक का ही प्रयोग करना परम आवश्यक है ।

इस चूर्ण को बनाने के लिए शुद्ध गंधक, मुलेठी एवं सौंफ इन तीनों को 1-1 भाग ले लीजिए । इन तीनों की खरल में डालकर खूब अच्छी तरह घुटाई कीजिए । इसके बाद सनाय पत्ती का चूर्ण 3 भाग व मिश्री का चूर्ण चार भाग मिलाकर इस मिश्रण को खूब अच्छी तरह मिला लीजिए । इसे ही स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण कहा जाता है ।

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण के औषधीय गुण Swadishta Virechan Churna ke upyog in hindi

स्वादिष्ठ विरेचन चूर्ण के औषधीय गुण निम्नलिखित हैं:

  • रेचक
  • रक्त शोधक (सही तरीके से डिटॉक्सिफायर)
  • जीवाणुरोधी और रोगाणुरोधी
  • कण्डूरोधी

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण के चिकित्सा के फायदे Swadishta Virechan Churna ke fayde in hindi

  1. हल्के से मध्यम कब्ज
  2. सरदर्द
  3. बवासीर (बवासीर)
  4. खुजली
  5. प्रुरिटस (त्वचा की गंभीर खुजली)
  6. जलन के साथ खुजली
  7. एडी का दर्द

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण की मात्रा एवं सेवन विधि

स्वादिष्ठ विरचन चूर्ण की सामान्य खुराक इस प्रकार है।
बच्चे 50 से 100 मिलीग्राम प्रति किलोग्राम वजन *
वयस्क 3 से 6 ग्राम *
वृद्धावस्था 3 ग्राम *
गर्भावस्था 2 ग्राम से शुरू होता है, फिर कब्ज से राहत नहीं मिलने पर खुराक को बढ़ाया जा सकता है। *
दुद्ध निकालना 3 ग्राम *
अधिकतम संभव खुराक 6 ग्राम प्रति दिन
* गुनगुने पानी के साथ
बेस्ट टाइम टू टेक: रात को सोने से ठीक पहले

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण से संबंधित सावधानियां

स्वादिष्ट विरेचन चूर्ण पूर्ण रूप से सुरक्षित आयुर्वेदिक औषधि है । इस औषधि को बच्चों, वयस्कों एवं गर्भवती महिलाओं सभी को दिया जा सकता है । इस दवा को लेते समय केवल एक बात का ध्यान रखें, वह यह है कि इस औषधि को अधिक मात्रा में सेवन ना करें ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *