सारस्वतारिष्ट के फायदे और नुक्सान Saraswatarishta Syrup uses and benefits in hindi

By | May 5, 2020

सारस्वतारिष्ट सिरप क्या है? What is Saraswatarishta Syrup?

सारस्वतारिष्ट एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसका मुख्य घटक द्रव्य ब्राह्मी होती है । सारस्वतारिष्ट औषधि के नाम से ही पता चलता है यह औषधि मस्तिष्क से संबंधित है, क्योंकि मां सरस्वती बुद्धि और ज्ञान की देवी है तथा इस औषधि के नाम में सरस्वती माता का नाम भी आता है ।

यह औषधि मानसिक रोगों के लिए एक सर्वोत्तम रसायन है जो मानसिक रोगों जैसे स्मृति भ्रम, याददाश्त की कमजोरी, दिमाग की कमजोरी, मानसिक तनाव एवं बच्चों की आवाज को सुधारने के लिए सुप्रसिद्ध है ।

सारस्वतारिष्ट को आरिष्ट विधि से तैयार किया जाता है तथा इसमें 5% से 10% प्राकृतिक शराब अर्थात सेल्फ जनरेटर अल्कोहल होता है । इस औषधि का कोई दुष्प्रभाव नहीं होता है तथा इस औषधि को लंबे समय तक टॉनिक के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है ।

सारस्वतारिष्ट के घटक द्रव्य Saraswatarishta ingredients in hindi

• ब्राह्मी
• शतावर
• विदारीकंद
• बड़ी हर्रे
• खस
• अदरख
• सौंफ
• गिलोय
• गिलोय
• धाय के फूल
• रेणुका
• निशोथ
• छोटी पीपल
• लौंग
• बच
• छोटी इलायची
• वायविडंग
• दालचीनी
• कूठ

सारस्वतारिष्ट के फायदे: Saraswatarishta uses in hindi

स्मृति भ्रम नाशक सरस्वत अरिष्ट: Saraswatarishta uses in mental disorder

जैसा कि हमने आपको बताया सारस्वतारिष्ट का सबसे प्रमुख कार्य स्मृति भ्रम अर्थात याददाश्त की कमी को दूर करना होता है । इस औषधि का सेवन करने से मस्तिष्क की नाड़ियों को बल प्राप्त होता है तथा बार-बार बात को भूलना एवं स्मृति भ्रम जैसी स्थिति दूर होती है । यह ओषधि दिमाग की नसों को नई ऊर्जा से भर देती है जिससे व्यक्ति बहुत ही अच्छा महसूस करता है ।

अनिंद्रा नाशक सारस्वतारिष्ट: Saraswatarishta uses in insomnia in hindi

सारस्वतारिष्ट में ब्राह्मी के साथ-साथ अन्य ऐसी जड़ी बूटियां होती हैं जो दिमाग के तंतुओ में उर्जा के प्रवाह को सही करती है । बहुत अधिक मानसिक श्रम करने या पढ़ने से या ज्यादा कंप्यूटर पर काम करने से दिमाग की नसों में सूजन आ जाती है जिससे व्यक्ति को अच्छी तरह नींद नहीं आती है । कई बार बहुत ज्यादा तनाव होने पर भी यह समस्या हो जाती है ।

ऐसी स्थिति में सारस्वतारिष्ट मस्तिष्क की नाड़ियों को शांत करती है एवं अनिद्रा की समस्या को दूर करती है । इस औषधि का सेवन करने से व्यक्ति को गहरी और लंबी नींद आती है तथा व्यक्ति बहुत ही हल्का-फुल्का महसूस करता है ।

अवसाद एवं चिंता नाशक ब्राह्मी वटी: Saraswatarishta uses in hypertension

सारस्वतारिष्ट अवसाद एवं चिंता के लिए एक टॉनिक की तरह कार्य करती है । इस औषधि का सेवन करने से मस्तिष्क में विचारों की पुनरावृत्ति कम होती है जिससे व्यक्ति का मन शांत रहता है एवं नींद भी अच्छी आती है । इसलिए मानसिक तनाव की स्थिति में इस औषधि का सेवन कराने से बहुत अच्छा लाभ मिलता है ।

हकलाने में लाभकारी सारस्वतारिष्ट: Saraswatarishta uses in hindi

कुछ लोगों को बचपन से ही हकलाने की आदत होती है जबकि कुछ लोग किसी डर के कारण हकलाते हैं । दोनों ही स्थितियों में सारस्वतारिष्ट का सेवन करने से लाभ मिलता है । लेकिन इस रोग में सारस्वतारिष्ट को कम से कम 6 माह तक सेवन कराना चाहिए तभी पूरा लाभ मिलता है ।

हृदय रोगों में लाभकारी सारस्वतारिष्ट: Saraswatarishta uses in heart problems in hindi

सारस्वतारिष्ट हृदय रोगों के लिए भी एक उत्तम रसायन है । इस ओषधि में अनेकों ऐसी जड़ी बूटियां प्रयोग की जाती हैं जो हृदय की गति को स्थिर करती हैं एवं हृदय को बल प्रदान करती हैं ।

महिलाओं के लिए लाभदायक सारस्वतारिष्ट: Saraswatarishta uses in women problems in hindi

कई बार मासिक धर्म की गड़बड़ी के कारण महिलाओं को मानसिक समस्याएं जैसे घबराहट, अनिन्द्रा, चक्कर आना, आंखें बंद रखने पर अच्छा महसूस होना एवं कभी कभी बेहोश हो जाना जैसी समस्याएं भी हो जाती हैं ।

महिलाओं को लगता है कि जैसे उनका पूरा शरीर घूम रहा है, ऐसी स्थिति में सारस्वतारिष्ट का सेवन कराने से बहुत अधिक लाभ मिलता है । सारस्वतारिष्ट में को शांत करता है एवं वात वाहिनी की उत्तेजना को शांत करता है ।

छोटे बच्चों के लिए लाभदायक सारस्वतारिष्ट: Saraswatarishta uses for children in hindi 

छोटे बच्चों के लिए सारस्वतारिष्ट एक बुद्धि वर्धक टॉनिक के रूप में कार्य करती है । इस औषधि का सेवन करने से बच्चों की बुद्धि तेज होती है । जो बच्चे अच्छे तरीके से ना बोल पाते हो उन्हें इस औषधि का सेवन करने से लाभ मिलता है ।

सेवन विधि एवं मात्रा

औषधीय मात्रा (Dosage)

बच्चे(5 वर्ष की आयु से ऊपर) 5 से 10 मिलीलीटर
वयस्क 10 से 20 मिलीलीटर

सेवन विधि (Directions)

दवा लेने का उचित समय (कब लें?) खाना खाने के बाद लें
दिन में कितनी बार लें? 2 बार – सुबह और शाम
अनुपान (किस के साथ लें?) गुनगुने पानी के साथ
उपचार की अवधि (कितने समय तक लें) चिकित्सक की सलाह लें

नुकसान एवं दुष्प्रभाव: Saraswatarishta side effects in hindi

सामान्यता इस औषधि का कोई दुष्प्रभाव नहीं देखा गया है, लेकिन गर्भावस्था के दौरान इसका सेवन नहीं करना चाहिए । अधिक जानकारी के लिए आप अपने चिकित्सक से संपर्क अवश्य करें ।

निर्माता  Famous brands

कुटजारिष्ट, डाबर, श्री बैद्यनाथ आयुर्वेद भवन, पतंजलि दिव्य फार्मेसी, सांडू, Oushadhasala (Kutajarishtam), केरल आयुर्वेद (Kutajarishtam), धूतपापेश्वर (Dhootpapeshwar) और कुछ अन्य फार्मेसियों द्वारा निर्मित है।

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