प्रद्रांतक लोह के उपयोग फायदे और नुकसान Pradarantak Louh Benefits in Hindi

By | March 16, 2020

प्रद्रांतक लोह क्या है? What is Pradarantak Louh?

प्रद्रांतक लौह एक आयुर्वेदिक औषधि है जो टेबलेट के रूप में मार्केट में अवेलेबल है । प्रद्रांतक लोह महिलाओं के प्रदर रोग, कमर दर्द, योनि शूल अर्थात योनि के दर्द, पेशाब में जलन या रुकावट होना एवं अन्य कई समस्याओं में लाभदायक होती है । प्रद्रांतक लोह महिलाओं के लिए एक वरदान कहा जा सकता है क्योंकि इस दवा के सेवन करने से महिलाओं की गुप्त समस्याओं में बहुत अधिक फायदा होता है । आइए विस्तार से जानते हैं प्रद्रांतक लो के बारे में ।

प्रद्रांतक लोह बनाने की विधि How to produce Pradarantak Loh

प्रद्रांतक लोह को बनाने की विधि का वर्णन रस रत्नाकर एवं रस योग सागर दोनों ग्रंथों में ही दिया गया है । पहले हम रस रत्नाकर के आधार पर प्रद्रांतक लोह को बनाने की विधि जानेंगे और उसके पश्चात रस योग सागर के आधार पर ।
 
 

रस रत्नाकर के आधार पर प्रदरांतक लोगों को बनाने की विधि

रस रत्नाकर के अनुसार प्रदरांतक लौह में निम्न घटक द्रव्य प्रयोग किए जाते हैं ।


 

    • लोह भस्म
    • ताम्र भस्म
    • शुद्ध हरताल
    • वंग भस्म
    • अभ्रक भस्म
    • कौड़ी भस्म
    • सोंठ
    • पीपल
    • काली मिर्च
    • हरड़
    • बहेड़ा
    • आंवला
    • चित्रक मूल
    • वायविडंग
    • पांचों नमक
    • पीपल
    • शंख भस्म

निर्माण विधि

सबसे पहले ऐसी औषधियां जिनको पीसा जा सकता है उन्हें अच्छी तरह सुखा कर साफ कर ले तथा किसी मिक्सी या ग्राइंडर में अच्छी तरह पीस लें तथा कपड छन करके रख ले । इसके पश्चात इस मिश्रण में शेष सभी दवाएं मिला दें तथा पानी का छींटा देते हुए 5 से 6 घंटे तक अच्छी तरह घुटाई करें और इसके पश्चात 250 मिलीग्राम से 300 मिलीग्राम की गोलियां बनाकर रखें ।


 

रस योग सागर के आधार पर प्रद्रांतक लोह बनाने की विधि

रस योग सागर के आधार पर प्रद्रांतक लोह में निम्न घटक द्रव्य प्रयोग किए जाते हैं ।
 
    • लोह भस्म – 20 ग्राम
    • वंग भस्म – 10 ग्राम
    • शुद्ध खर्पर या जसद भस्म – 10 ग्राम
    • कहरवा पिष्टी – 10 ग्राम
    • घी में पकाया हुआ सोनागेरू – 10 ग्राम
    • मोचरस – 10 ग्राम
    • सफेद रालये – 10 ग्राम
    • दूब, अनार और आंवला (भावनाएं देने के लिए)
 

निर्माण विधि

सबसे पहले जितने भी द्रव्य हैं उन्हें अच्छी तरह मिला ले यानी मिक्स कर लें । इसके पश्चात दूब, अनार एवं आंवला का रस इस मिश्रण में इतना डालें कि पूरा मिश्रण अच्छी तरह गिला हो जाए । इसके पश्चात इस मिश्रण को छाया में सुखा लें, यह पहली भावना हुई ।

दोबारा इसी प्रकार इस मिश्रण को दूब, अनार एवं आंवला के रस में भिगोए तथा सुखा लें । यह दूसरी भावना हुई । इस प्रकार 7 भावनाएं आपको देनी है । सात भावना देने के पश्चात मिश्रण को बहुत अच्छी तरह सुखा लें तथा किसी कांच की शीशी या प्लास्टिक के जार में भरकर रख लें । प्रद्रांतक लो बनकर तैयार है ।

प्रद्रांतक लोह के फायदे Pradarantak Loh Benefits in Hindi

प्रदर रोग में लाभकारी प्रद्रांतक लोह Pradarantak Loh benefits in likoria in hindi

प्रद्रांतक लोग का सबसे प्रमुख कार्य महिलाओं का प्रदर रोग ठीक करना होता है । प्रद्रांतक लोह महिलाओं के प्रदर रोग का प्रबल शत्रु है । यदि इस औषधि को किसी योग्य एवं अनुभवी चिकित्सक की देखरेख में महिला को सेवन कराया जाए तो कितना ही पुराना प्रदर रोग क्यों ना हो बिल्कुल ठीक हो जाता है ।


 

सर्वांग शूल में लाभकारी प्रदरांतक लोह Pradarantak Loh benefits in hindi


प्रद्रांताक लोह महिलाओं के गर्भाशय का दर्द, कमर दर्द, योनि का दर्द, पेशाब में जलन होना या पेशाब करते समय दर्द होना आदि समस्याओं में फायदा करता है ।

मासिक धर्म की गड़बड़ी में लाभदायक प्रद्रांतक लोह Pradarantak Loh benefits in hindi

प्रद्रांतक लोह के नियमित सेवन से महिलाओं की मासिक धर्म की गड़बड़ी जैसे मासिक धर्म के समय बहुत अधिक दर्द होना या अनियमित रूप से मासिक धर्म का होना आदि में लाभ मिलता है ।

 

एनीमिया में लाभकारी प्रद्रांटक लोह Pradarantak Loh benefits in hindi

प्रद्रांतक लोह में लोहा भसम प्रचुर मात्रा में होता है । इसलिए इस दवा के सेवन से महिलाओं में रक्ताल्पता अर्थात एनीमिया की समस्या में भी लाभ मिलता है । महिलाओं को एक नई उर्जा मिलती है तथा उनके चेहरे पर कांति आ जाती है ।

 

ल्यूकोरिया के कारण आई कमजोरी में लाभदायक प्रद्रांतक लोह Pradarantak Loh benefits in hindi

प्रद्रांतक लोह श्वेत प्रदर अर्थात लिकोरिया के कारण आई हुई कमजोरी में फायदा करता है । प्रद्रांतक लोह में लोह भस्म के साथ-साथ अन्य कई औषधीया होती हैं जो महिलाओं को ताकत प्रदान करती हैं ।

प्रद्रांतक लोग कहां से प्राप्त करें How to obtain Pradarantak Loh

प्रद्रांतक लोह आपको लोकल मार्केट एवं ऑनलाइन दोनों जगह से ही मिल जाएगा । यहां हम पाठकों की जानकारी के लिए बता दें कि बाजार में प्रद्रांतक लोह नंबर 1 एवं नंबर 2 के नाम से मिलता है ।

हमने ऊपर जो विधियां बताई हैं इन्हीं विधियों में एक को प्रद्रांतक लोह नंबर वन एवं दूसरे को प्रदरांतक लोह नंबर दो कहा जाता है । इसके अतिरिक्त प्रद्रांतक लोह विशेष के नाम से भी बाजार में उपलब्ध है क्योंकि इसमें भावनाएं या पुट ज्यादा दी जाती हैं जिससे लाभ भी शीघ्र होता है ।

 

सावधानियां Precuations

प्रद्रांतक लोह इस्तेमाल करते समय एक बात का विशेष ध्यान रखें । यदि 3 माह तक सेवन करने के पश्चात भी महिलाओं का रक्त प्रदर या श्वेत प्रदर ठीक ना हो तो किसी योग्य चिकित्सक या महिला चिकित्सक से संपर्क करके टेस्ट जरूर करवा लें । क्योंकि प्रद्रांतक लोह इस्तेमाल करने के पश्चात भी यदि रक्त प्रदर या श्वेत प्रदर ठीक नहीं होता है तो इसका अर्थ हो सकता है शरीर में कोई गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई हो । जैसे गर्भाशय में फोड़ा होना या कैंसर होना इत्यादि । ऐसी स्थिति में बिल्कुल भी देरी ना करें और अपने चिकित्सक से संपर्क अवश्य करें ।
 

सेवन विधि Dosage

पहली विधि के अनुसार बनाए गए प्रद्रांतक लोह को एक-एक गोली सुबह शाम शहद या घी के साथ ले सकते हैं ।दूसरी विधि के अनुसार बनाए गए प्ररदरातक लोह को 3-3 रत्ती सुबह शाम दूध के साथ सेवन करें । अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से संपर्क अवश्य करें ।
 

प्रद्रांतक लोह के नुकसान Pradarantak Loh Side Effects

प्रद्रांतक लोह यदि किसी योग्य चिकित्सक की देखरेख में लिया जाए तो इसका कोई दुष्प्रभाव नहीं होता है । अधिक जानकारी के लिए आप अपने चिकित्सक से संपर्क करें ।

 

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