दश्मूलाजीर्कम (दशमूल जीरकम) के फायदे उकसन उपयोग विधि साइड इफ़ेक्ट एवं मूल्य Dashamoola Jeerakam Uses Benefits Side Effect & Price in hindi

By | August 15, 2020

दश्मूलाजीर्कम क्या है? What is Dashamoola Jeerakam in hindi

दश्मूलाजीर्कम(Dashamoola Jeerakam) एक आयुर्वेदिक औषधि है जो दशमूलारिष्ट (Dashmularishta) एवं जीरकाद्यारिष्ट (Jeerakarishtam) जैसी लाभदायक आयुर्वेदिक औषधियों के मिश्रण से बनाई जाती है । यह औषधि मुख्य रूप से महिलाओं के गर्भाशय से संबंधित समस्याओं एवं प्रसव के उपरांत होने वाली विभिन्न समस्याओं में लाभदायक होती है ।

जिन माताओं और बहनों को गर्भाशय से संबंधित समस्याओं या प्रसव के उपरांत पेट दर्द, पैरों में दर्द, दस्त, एनीमिया, भूख में कमी, पेट दर्द, बहुत अधिक थकान एवं कमजोरी महसूस होना जैसी समस्या महसूस होती हैं, उन्हें इस टॉनिक को लेने से बहुत अच्छा आराम मिलता है ।

इस टॉनिक का उपयोग प्रसव के उपरांत गर्भाशय से विषैले पदार्थों अर्थात टॉक्सिंस को दूर करने के लिए भी किया जाता है । यह टॉनिक गर्भाशय की सफाई करता है एवं प्रसव के उपरांत होने वाली विभिन्न समस्याओं में लाभदायक है ।

दश्मूलाजीर्कम के घटक द्रव्य Dashamoola Jeerakam ingredients in hindi

  1. दशमूलारिष्ट
  2. जीराकारिष्टम्

दश्मूलाजीर्कम के फायदे एवं उपयोग Dashamoola Jeerakam Uses in hindi

इस दवा को निम्न समस्याओं में सफलता पूर्वक प्रयोग किया जाता है

  • गर्भाशय संक्रमण और प्रसवोत्तर जटिलताओं की रोकथाम के लिए
  • प्रसवोत्तर थकान।
  • प्रसवोत्तर भूख में कमी।
  • प्रसवोत्तर कमजोरी।
  • गर्भावस्था के बाद एनीमिया।
  • भूख में कमी।
  • दस्त।
  • चिड़चिड़ा आंत्र सिंड्रोम (IBS)।
  • अनिद्रा IBS के साथ जुड़ा हुआ है।
  • पेट में दर्द।

यह दवा माताओं को प्रसव के उपरान्त होने वाली विभिन्न समस्याओं में फाड़ा पहुचाती है । इसके अतिरिक्त जिन लोगो में जोड़ों में दर्द, पुराने ऑस्टियोआर्थराइटिस या पाचन की समस्या हो जैसे ढीला मल, दस्त, बार-बार मल त्यागने की इच्छा होना इत्यादि, ऐसी स्थिथि में ये दवा बहुत अच्छा फायदा पहुचता है ।

दश्मूलाजीर्कम की मात्रा एवं सेवन विधि

दशमूल जीरकम की  आयुर्वेदिक खुराक इस प्रकार है:

वयस्क 30 मिली
गर्भावस्था सिफारिश नहीं की गई
दुद्ध निकालना 30 मिली
अधिकतम संभव खुराक प्रतिदिन 60 मिली

लेने के लिए कैसे करें

अनुपन (एडजुवेंट) पानी की बराबर मात्रा
खुराक की आवृत्ति दिन में दो बार
दवा का समय भोजन के तुरंत बाद

सावधानियां एवं दुष्परिणाम

सामान्यता इस औषधि का कोई दुष्प्रभाव नहीं है

मतभेद Contradictions

यदि केवल दशमूलारिष्ट का सेवन किया जाए तो इसके बहुत से मतभेद हो सकते हैं जैसे मुंह का अल्सर, जलन, बहुत अधिक प्यास लगना या जलन के साथ दस्त आना इत्यादि ।लेकिन जैसा कि हम जानते हैं दशमूल जीरकम में जिरकारिस्ट भी मौजूद होता है जो इन सभी प्रभावों को रोकता है । इसलिए जीरकारिश्तम का कोई मतभेद ज्ञात नहीं है ।

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